गन्ना भुगतान, खाद संकट और कृषक कल्याण योजना की मांग को लेकर 30 जून से अनिश्चितकालीन चक्का जाम

भारतीय किसान संघ और छत्तीसगढ़ समृद्ध किसान संघ ने पलानसरी मोड़ में आंदोलन का किया ऐलान
पंडरिया। भारतीय किसान संघ की तहसील इकाई कुंडा एवं पंडरिया तथा जिला इकाई की संयुक्त बैठक ग्राम रुसे में आयोजित की गई। बैठक में किसानों की विभिन्न समस्याओं पर चर्चा करते हुए तीन प्रमुख मांगों को लेकर 30 जून से पलानसरी मोड़ पर अनिश्चितकालीन चक्का जाम आंदोलन करने का निर्णय लिया गया।
बैठक में भारतीय किसान संघ के प्रदेश मंत्री कुणाल सिंह ठाकुर, प्रांत मीडिया प्रभारी संजय साहू, जिला अध्यक्ष डोमन चंद्रवंशी, जिला महामंत्री जीवन यादव, जिला उपाध्यक्ष दिनेश चंद्रवंशी, कार्यालय मंत्री कमलेश चंद्रवंशी, कवर्धा अध्यक्ष पिंटू चंद्रवंशी, पंडरिया अध्यक्ष भागवत चंद्राकर तथा कुंडा अध्यक्ष झम्मन चंद्रवंशी सहित बड़ी संख्या में किसान कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
बैठक में किसानों की समस्याओं पर चर्चा करते हुए संगठन ने आरोप लगाया कि सरदार वल्लभभाई पटेल शक्कर कारखाना द्वारा गन्ना किसानों का बकाया भुगतान लंबे समय से लंबित है, जिससे किसान आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं। संगठन के अनुसार किसानों का 23 करोड़ 74 लाख रुपए से अधिक का भुगतान अटका हुआ है।
किसान संगठनों ने आंदोलन के लिए तीन प्रमुख मांगें रखी हैं। पहली मांग गन्ना किसानों के बकाया भुगतान को तत्काल जारी करने की है। दूसरी मांग खाद की कालाबाजारी पर रोक लगाने, दोषी विक्रेताओं और डीलरों पर कड़ी कार्रवाई करने तथा समितियों में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराने की है। तीसरी मांग गन्ना फसल को राज्य सरकार की कृषक कल्याण योजना में शामिल कर गन्ना उत्पादक किसानों को प्रति एकड़ 15 हजार रुपए की सहायता राशि प्रदान करने की है।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं होती है तो भारतीय किसान संघ एवं छत्तीसगढ़ समृद्ध किसान संघ के संयुक्त तत्वावधान में 30 जून से पलानसरी मोड़ पर अनिश्चितकालीन चक्का जाम आंदोलन शुरू किया जाएगा। किसान नेताओं ने कहा कि यह आंदोलन किसानों के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए किया जाएगा।



