2 सितंबर को छत्तीसगढ़ आएंगे उपराष्ट्रपति, एम्स के दीक्षांत समारोह में होंगे शामिल

मुख्य सचिव ने तैयारियों की समीक्षा कर सुरक्षा, प्रोटोकॉल और यातायात व्यवस्था को लेकर दिए निर्देश
रायपुर, 19 अगस्त। भारत के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन 2 सितंबर को छत्तीसगढ़ के प्रवास पर रहेंगे। वे रायपुर स्थित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के दीक्षांत समारोह में शामिल होंगे। उपराष्ट्रपति के प्रस्तावित दौरे को लेकर मुख्य सचिव विकासशील ने बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन में राज्य स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर तैयारियों की समीक्षा की।
बैठक में सुरक्षा, प्रोटोकॉल, यातायात, चिकित्सा, स्वागत और कार्यक्रम स्थल की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को उपराष्ट्रपति के मिनट-टू-मिनट कार्यक्रम के अनुसार सभी व्यवस्थाएं समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
एयरपोर्ट से एम्स तक सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
मुख्य सचिव ने एयरपोर्ट से कार्यक्रम स्थल तक एंट्री और एग्जिट प्लान को बेहतर समन्वय के साथ अंतिम रूप देने को कहा। एयरपोर्ट पर स्वागत, रिसेप्शन लाइन और एम्स में प्रोटोकॉल से जुड़ी व्यवस्थाओं के लिए रायपुर कलेक्टर को आवश्यक निर्देश दिए गए। एयरपोर्ट और कार्यक्रम स्थल पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने को भी कहा गया।
चिकित्सा और विद्युत व्यवस्था पर जोर
उपराष्ट्रपति के प्रवास के दौरान सुरक्षा के साथ ठहरने की व्यवस्था, प्रकाश एवं विद्युत व्यवस्था, चिकित्सा सुविधाएं और आकस्मिक चिकित्सा सहायता की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से काम करने को कहा गया।
प्रोटोकॉल के अनुसार होगी बैठक व्यवस्था
दीक्षांत समारोह में बैठक व्यवस्था भारत सरकार के निर्धारित प्रोटोकॉल और प्राप्त डायस प्लान के अनुसार करने के निर्देश दिए गए। कार्यक्रम की शुरुआत वंदे मातरम् और राष्ट्रगान से होगी। मुख्य सचिव ने एम्स प्रबंधन को दीक्षांत समारोह से जुड़ी सभी व्यवस्थाएं बेहतर ढंग से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में गृह एवं जेल विभाग की प्रमुख सचिव निहारिका बारिक, सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव अविनाश चंपावत, मुख्यमंत्री के सचिव मुकेश कुमार बंसल, रायपुर संभागायुक्त श्याम धावड़े, सुशासन एवं अभिसरण विभाग के संयुक्त सचिव मयंक अग्रवाल, उप सचिव अंशिका पांडेय, रायपुर कलेक्टर, आईजी रायपुर और एम्स रायपुर के चिकित्सा अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

