राज्यभर में चलेगा सुरक्षा ऑडिट अभियान, कोचिंग सेंटर, होटल और बहुमंजिला भवनों की होगी जांच
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर फायर सेफ्टी और आपातकालीन व्यवस्थाओं की होगी व्यापक समीक्षा
रायपुर। प्रदेश में जनसुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बहुमंजिला आवासीय भवनों, कोचिंग संस्थानों, होटलों, मॉल और अन्य सार्वजनिक उपयोग के प्रतिष्ठानों की सुरक्षा व्यवस्था का विशेष ऑडिट कराने के निर्देश दिए हैं। हाल के दिनों में देश के विभिन्न हिस्सों में हुई अग्नि दुर्घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री ने सुरक्षा मानकों के कड़ाई से पालन पर जोर दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नागरिकों, विद्यार्थियों और आमजन की सुरक्षा शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सुरक्षा मानकों की अनदेखी करने वाले संस्थानों और प्रतिष्ठानों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनसुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर मुख्य सचिव विकास शील ने सभी संभागीय आयुक्तों, जिला कलेक्टरों, नगर निगम आयुक्तों, मुख्य नगरपालिका अधिकारियों, अग्निशमन विभाग तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों को विशेष निरीक्षण अभियान चलाने के निर्देश जारी किए हैं।
अभियान के तहत बहुमंजिला आवासीय परिसरों, कोचिंग सेंटरों, ट्यूशन कक्षाओं, होटल, लॉज, मॉल, व्यावसायिक परिसरों एवं अन्य सार्वजनिक भवनों की सुरक्षा व्यवस्थाओं का विस्तृत परीक्षण किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान फायर सेफ्टी उपकरणों की उपलब्धता, वैध फायर एनओसी, आपातकालीन निकास मार्ग, भवन की संरचनात्मक मजबूती, विद्युत वायरिंग की स्थिति, सीसीटीवी निगरानी, प्राथमिक उपचार सुविधा, पेयजल एवं स्वच्छता व्यवस्था सहित अन्य सुरक्षा मानकों की जांच की जाएगी।
इसके अलावा भवनों की क्षमता के अनुरूप लोगों की संख्या, पार्किंग व्यवस्था तथा किसी आपदा की स्थिति में निकासी और राहत प्रबंधन की तैयारियों का भी परीक्षण किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि निरीक्षण में पाई गई कमियों को दूर करने के लिए संबंधित संस्थानों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाएं और गंभीर अनियमितता मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
राज्य सरकार का मानना है कि इस विशेष सुरक्षा ऑडिट अभियान से संभावित दुर्घटनाओं की रोकथाम, सुरक्षा मानकों के पालन और आम नागरिकों की सुरक्षा को और अधिक मजबूत किया जा सकेगा।
