मुख्यमंत्री मजराटोला विद्युतीकरण योजना के तहत 10 गांवों तक पहुंचेगी बिजली, दशकों का इंतजार होगा खत्म
AP न्यूज़ विश्वराज ताम्रकार जिला ब्यूरो चीफ KCG
खैरागढ़ : ‘सुशासन तिहार-2026′ के अवसर पर खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि सामने आई है। जिला प्रशासन और विद्युत विभाग के समन्वित प्रयासों से जिले के 10 दूरस्थ एवं अब तक विद्युत सुविधा से वंचित मजराटोलों के विद्युतीकरण के लिए प्रशासनिक स्वीकृति प्राप्त हो गई है। निविदा प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद इन क्षेत्रों में इसी सत्र के दौरान तेजी से विद्युतीकरण कार्य प्रारंभ कर पूर्ण किया जाएगा।
आजादी के 78 वर्षों बाद जिले के ऐसे दूरस्थ वनांचल एवं ग्रामीण क्षेत्रों में पहली बार बिजली पहुंचने का मार्ग प्रशस्त हुआ है, जहां अब तक अंधेरा ही ग्रामीणों की नियति बना हुआ था। मुख्यमंत्री मजराटोला विद्युतीकरण योजना के तहत निजामडीह, तुम्दादाह, बलरामपुर, कोहकझोरी, संजारी-टाटीघाट, झिलमिली एवं गाताभर्री, घाघरा, लमरा, रिहाडबरा तथा टिनगीपुर जैसे गांवों के मजराटोलों में विद्युत नेटवर्क का विस्तार किया जाएगा।
ग्रामीण विकास की नई रोशनी, शिक्षा-स्वास्थ्य और आजीविका को मिलेगा बल
विद्युतीकरण से न केवल घरों में रोशनी पहुंचेगी, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, कृषि और आजीविका के क्षेत्र में भी सकारात्मक बदलाव आएगा। बिजली उपलब्ध होने से बच्चों की पढ़ाई, किसानों की सुविधाएं, छोटे व्यवसाय और शासकीय सेवाओं की पहुंच में उल्लेखनीय सुधार होगा। लंबे समय से बिजली की मांग कर रहे ग्रामीणों के लिए यह निर्णय किसी सपने के साकार होने से कम नहीं है।
कलेक्टर और विद्युत विभाग के प्रयासों से मिली सफलता
इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के पीछे कलेक्टर इंद्रजीत चन्द्रवाल तथा विद्युत वितरण कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री भीम सिंह का विशेष मार्गदर्शन और सतत प्रयास रहा है। उनके नेतृत्व में विभागीय प्रक्रियाओं को गति मिली और वर्षों से लंबित विद्युतीकरण प्रस्तावों को स्वीकृति दिलाने में सफलता प्राप्त हुई।
सुशासन तिहार के दौरान मिली यह सौगात जिले के दूरस्थ ग्रामीण अंचलों के विकास में मील का पत्थर साबित होगी। आने वाले समय में इन मजराटोलों में जगमगाती रोशनी के साथ विकास की नई किरण भी पहुंचेगी, जिससे ग्रामीणों के जीवन में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा।

