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‘मुस्कुराता बस्तर’ थीम पर होगी कार्टून कार्यशाला, स्कूली विद्यार्थियों को मिलेगा विशेषज्ञों का प्रशिक्षण

‘मुस्कुराता बस्तर’ थीम पर होगी कार्टून कार्यशाला, स्कूली विद्यार्थियों को मिलेगा विशेषज्ञों का प्रशिक्षण

बस्तर की संस्कृति, पर्यटन और विकास को कार्टून कला के माध्यम से मिलेगी नई पहचान

रायपुर। छत्तीसगढ़ जनसंपर्क विभाग के सहयोग से देश की एकमात्र मासिक कार्टून पत्रिका कार्टून वॉच द्वारा जगदलपुर में स्कूली विद्यार्थियों के लिए ‘मुस्कुराता बस्तर’ थीम पर विशेष कार्टून कार्यशाला आयोजित की जाएगी। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को कार्टून और कैरिकेचर कला का प्रशिक्षण देने के साथ बस्तर की संस्कृति, पर्यटन और लोकजीवन को रचनात्मक ढंग से अभिव्यक्त करने के लिए प्रेरित करना है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में बस्तर विकास, पर्यटन और सांस्कृतिक पहचान के नए आयाम स्थापित कर रहा है। इसी सकारात्मक बदलाव को केंद्र में रखते हुए कार्यशाला की थीम ‘मुस्कुराता बस्तर’ रखी गई है।

वरिष्ठ कार्टूनिस्ट देंगे लाइव प्रशिक्षण

कार्टून वॉच के संपादक त्र्यंबक शर्मा ने बताया कि कार्यशाला में दिल्ली के वरिष्ठ कार्टूनिस्ट माधव जोशी तथा पुणे के प्रसिद्ध कैरिकेचर कलाकार शुभम जिंदे लाइव डेमो के माध्यम से विद्यार्थियों को ऑन-द-स्पॉट कार्टून और कैरिकेचर बनाने का प्रशिक्षण देंगे। साथ ही कार्टून कला के सामाजिक, रचनात्मक और रोजगारपरक पहलुओं से भी परिचित कराया जाएगा।

बस्तर की सकारात्मक तस्वीर को मिलेगी नई अभिव्यक्ति

कार्यशाला में विद्यार्थियों को बस्तर की प्राकृतिक सुंदरता, जनजातीय संस्कृति, पर्यटन स्थलों और लोक परंपराओं को कार्टून कला के माध्यम से प्रस्तुत करने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा। चित्रकोट और तीरथगढ़ जलप्रपात, कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान, बस्तर दशहरा तथा अन्य लोकपर्वों की सांस्कृतिक विरासत को भी रचनात्मक रूप से उकेरने का अवसर मिलेगा।

स्थानीय प्रतिभाओं को मिलेगा मंच

इस पहल से स्थानीय युवा कलाकारों और विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का मंच मिलेगा। साथ ही बस्तर की सकारात्मक छवि और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को कला के माध्यम से देशभर तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा। आयोजकों के अनुसार ‘मुस्कुराता बस्तर’ अभियान नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति, लोक परंपराओं और प्राकृतिक धरोहर से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित होगा।

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