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PMEGP योजना से तुलेन्द्री ठाकुर बनीं सफल उद्यमी, मिनी राईस मिल से 4 लोगों को मिला रोजगार

PMEGP योजना से तुलेन्द्री ठाकुर बनीं सफल उद्यमी, मिनी राईस मिल से 4 लोगों को मिला रोजगार

रायपुर, 25 जुलाई 2026। प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) नारायणपुर जिले में स्वरोजगार को नई दिशा दे रहा है। ग्राम गुरिया की तुलेन्द्री ठाकुर ने इस योजना का लाभ लेकर मिनी राईस मिल स्थापित की और आज न केवल स्वयं आत्मनिर्भर बनी हैं, बल्कि चार स्थानीय लोगों को भी रोजगार उपलब्ध करा रही हैं।

तुलेन्द्री ठाकुर पहले अपने पति गजेन्द्र ठाकुर के साथ कृषि कार्य कर परिवार का पालन-पोषण करती थीं। सीमित आय के कारण बच्चों की पढ़ाई और पारिवारिक जिम्मेदारियों का निर्वहन चुनौतीपूर्ण था। बेहतर भविष्य की सोच के साथ उन्होंने स्वयं का व्यवसाय शुरू करने का निर्णय लिया।

जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र, नारायणपुर के मार्गदर्शन में उन्होंने प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) के तहत आवेदन किया। यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की नारायणपुर शाखा ने उनकी 5 लाख रुपये की परियोजना स्वीकृत की, जिसमें 50 हजार रुपये स्वयं का अंशदान और 4.50 लाख रुपये का बैंक ऋण शामिल था।

वित्तीय सहायता मिलने के बाद उन्होंने “मेसर्स ठाकुर मिनी राईस मिल” की स्थापना की। मिल में सोलर पॉलिशर और आधुनिक आटा चक्की की सुविधा उपलब्ध है। आज यह आसपास के कई गांवों के किसानों के लिए धान कुटाई, चावल पॉलिशिंग और गेहूं पिसाई का भरोसेमंद केंद्र बन चुका है।

राईस मिल के संचालन से चार लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिला है। धान प्रसंस्करण से निकलने वाले कोंडा को तेल उद्योग और भूसे को ईंट निर्माण के लिए बेचकर अतिरिक्त आय भी अर्जित की जा रही है। वर्तमान में तुलेन्द्री ठाकुर को इस व्यवसाय से प्रतिवर्ष लगभग 2.40 लाख रुपये का शुद्ध लाभ हो रहा है। वे बैंक ऋण की अधिकांश राशि चुका चुकी हैं और योजना के तहत 35 प्रतिशत मार्जिन मनी अनुदान का लाभ भी प्राप्त कर रही हैं।

तुलेन्द्री ठाकुर का कहना है कि शुरुआत में मशीनों के संचालन का अनुभव नहीं था, लेकिन सीखने की लगन और मेहनत से उन्होंने व्यवसाय में सफलता हासिल की। वे अपनी इस उपलब्धि का श्रेय छत्तीसगढ़ शासन, भारत सरकार, जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र तथा यूनियन बैंक ऑफ इंडिया को देती हैं। उनका मानना है कि मजबूत इच्छाशक्ति और सरकारी योजनाओं का सही लाभ मिलने पर कोई भी महिला आत्मनिर्भर बन सकती है।

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