मस्तुरिया के सुरता म बांस गीत व जबर सुवा नाच का हुआ भव्य आयोजन

लोककला, संस्कृति और परंपरा के संरक्षण का दिया संदेश
मस्तूरी/बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध लोकगायक एवं गीतकार स्वर्गीय लक्ष्मण मस्तुरिया जी के पुण्यतिथि के अवसर पर उनके सुरता म (स्मृति में) ग्राम वेदपरसदा, मस्तूरी में बांस गीत एवं जबर सुवा नाच कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में क्षेत्र के लोक कलाकारों ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति, पारंपरिक लोकगीतों एवं लोकनृत्यों की शानदार प्रस्तुति देकर उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। बांस गीत की मधुर धुन और सुवा नाच की मनमोहक प्रस्तुति ने छत्तीसगढ़ की माटी की खुशबू और सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर दिया।
इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ की पारंपरिक लोककलाओं, भाषा, संस्कृति एवं सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना तथा नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जोड़ना रहा।

आयोजकों ने कहा कि स्वर्गीय लक्ष्मण मस्तुरिया जी ने अपने गीतों और रचनाओं के माध्यम से छत्तीसगढ़ की माटी, भाषा और संस्कृति को नई पहचान दिलाई। उनके योगदान को याद करते हुए ऐसे आयोजन करना उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि है। ठाकुर शैलु छत्तीसगढ़िया डिलेश्वर साहु मनोज कौशिक,बांबी पातरे,भुनेश्वर रजक,सरपंच संतोष डोंगरे,उतम दुबे, अश्वनी, राजकुमार प्रदीप,अरुण ठाकुर,खगेश,सुनिल, शतुहन, राजु साहु, धनेश्वरी, अनुज,
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, सामाजिक कार्यकर्ता, लोक कलाकार एवं छत्तीसगढ़िया संस्कृति प्रेमी उपस्थित रहे।


