भारतमाला परियोजना के दो बड़े हाईवे मार्च 2027 तक होंगे तैयार, पीडब्ल्यूडी सचिव ने की प्रगति समीक्षा

रायपुर-विशाखापट्टनम एक्सप्रेस-वे और दुर्ग-आरंग बायपास के कार्यों में तेजी, बरसात में आवागमन बाधित न हो इसके दिए निर्देश
रायपुर। भारतमाला परियोजना के तहत छत्तीसगढ़ में निर्माणाधीन दो महत्वपूर्ण राष्ट्रीय राजमार्गों का कार्य मार्च 2027 तक पूरा कर लिया जाएगा। लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने बुधवार को राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं की समीक्षा बैठक लेकर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया और अधिकारियों तथा ठेकेदारों को समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
रायपुर स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग परिक्षेत्र कार्यालय में आयोजित बैठक में भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के क्षेत्रीय अधिकारी आलोक कुमार ने बताया कि भारतमाला परियोजना के अंतर्गत निर्माणाधीन रायपुर-विशाखापट्टनम एक्सप्रेस-वे और दुर्ग-आरंग बायपास का कार्य अगले वर्ष मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा। वहीं रायपुर-धनबाद इकोनॉमिक कॉरिडोर का निर्माण भी तेज गति से जारी है।
समीक्षा बैठक में सचिव मुकेश कुमार बंसल ने निर्माणाधीन सड़कों पर बरसात के दौरान लोगों की आवाजाही प्रभावित न हो, इसके लिए वैकल्पिक एवं डायवर्टेड मार्ग विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने केशकाल घाटी बायपास परियोजना में सड़क निर्माण के साथ-साथ प्रस्तावित दो बड़े पुलों का कार्य भी शीघ्र प्रारंभ करने को कहा।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि भारतमाला परियोजना के आर्थिक गलियारों का अधिकतम लाभ राज्य को मिले, इसके लिए राज्य की प्रमुख सड़कों को इन कॉरिडोरों से जोड़ने हेतु टू-लेन एवं फोर-लेन सड़कों के प्रस्ताव तैयार किए जाएं। उन्होंने कहा कि इन परियोजनाओं के पूर्ण होने से राज्य के आर्थिक और सामाजिक विकास को नई गति मिलेगी तथा माल एवं यात्री परिवहन की सुविधा में उल्लेखनीय सुधार होगा।
बैठक में रायपुर के तेलीबांधा चौक, उद्योग भवन चौक और सरोना चौक में प्रस्तावित फ्लाईओवर परियोजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। सचिव ने भूमि अधिग्रहण एवं वन स्वीकृति से जुड़े लंबित मामलों की जानकारी समय पर उच्च स्तर पर भेजने के निर्देश दिए, ताकि उनके शीघ्र निराकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ सके।
उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्गों पर ब्लैक स्पॉट समाप्त करने, सड़क सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने तथा मानक अनुरूप गति अवरोधकों का निर्माण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही अधिकारियों को नियमित फील्ड निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति पर सतत निगरानी रखने को कहा।
बैठक में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी, केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के क्षेत्रीय अधिकारी अभिजीत कुमार, मुख्य अभियंता ज्ञानेश्वर कश्यप तथा अधीक्षण अभियंता एस.एस. माझी सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
समीक्षा के बाद सचिव ने ठेकेदारों के साथ अलग से बैठक कर निर्माण कार्यों में आ रही समस्याओं की जानकारी ली और अनुबंध के अनुसार कार्यों में तेजी लाने, गुणवत्ता बनाए रखने तथा निर्धारित समयावधि में परियोजनाओं को पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाएं राज्य की प्रतिष्ठा से जुड़ी हैं और इनके निर्माण में किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।


