पत्रकार हितों की सुरक्षा पर जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया की वर्चुअल बैठक, कई अहम निर्णय
गोरखपुर। जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया की मासिक वर्चुअल बैठक में देशभर के पत्रकारों के हितों की सुरक्षा, संगठन के विस्तार और पत्रकार उत्पीड़न के मामलों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक की अध्यक्षता राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनुराग सक्सेना ने की, जबकि संचालन राष्ट्रीय संयोजक डॉ. आर. सी. श्रीवास्तव ने किया।
बैठक में डॉ. आर. सी. श्रीवास्तव ने कहा कि संगठन की सर्वोच्च प्राथमिकता पत्रकारों के हितों की रक्षा और उन्हें संगठनात्मक रूप से सशक्त बनाना है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया हर परिस्थिति में पत्रकारों के साथ खड़ा रहेगा और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए निरंतर कार्य करेगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अनुराग सक्सेना ने अपने संबोधन में कहा कि प्रिंट, डिजिटल, सोशल मीडिया तथा स्वतंत्र पत्रकारों सहित सभी वर्गों के मीडिया कर्मियों को समान अवसर, सुरक्षा और सम्मान मिलना चाहिए। उन्होंने बदलते मीडिया परिदृश्य में पत्रकारों के अधिकारों की रक्षा को संगठन की प्राथमिक जिम्मेदारी बताया।
बैठक के दौरान बिहार प्रदेश अध्यक्ष कुणाल भगत और पटना अध्यक्ष अकबर इमाम ने जानकारी दी कि पटना में जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया का प्रदेश कार्यालय शुरू कर दिया गया है। इससे प्रदेश के पत्रकारों को संगठनात्मक गतिविधियों और सहायता का लाभ मिलेगा।
गोरखपुर के जिला अध्यक्ष संजय कुमार सिंह ने कहा कि देश में जर्नलिस्ट काउंसिल ऑफ इंडिया एकमात्र पत्रकारों का ऐसा संगठन है जो पत्रकार हितों के लिए निस्वार्थ आवाज बुलंद करता है। चाहे पत्रकार सुरक्षा कानून की मांग हो या स्वास्थ्य बीमा हम हर पत्रकार के लिए संघर्ष कर रहे हैं।
बैठक में अजय त्रिपाठी, बी. त्रिपाठी, पिंटू, विनोद कुमार, दिनेश कुमार, संतोष तिवारी, गोरखपुर जिला अध्यक्ष संजय कुमार सिंह, राजू नारायण, बलदेव चौधरी, मोहम्मद कादिर, आदित्य भारद्वाज, श्याम सुंदर, मृगांक शेखर समेत 50 से अधिक पत्रकारों ने विभिन्न राज्यों में पत्रकारों के समक्ष आ रही समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
बैठक के अंत में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर कहा गया कि किसी भी परिस्थिति में पत्रकारों का उत्पीड़न स्वीकार नहीं किया जाएगा। संगठन ने स्पष्ट किया कि पत्रकारों के अधिकारों, सुरक्षा और सम्मान की रक्षा के लिए हर स्तर पर आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।