गुजरात में छत्तीसगढ़ पर्यटन की धूम, अहमदाबाद रोड शो से निवेश और कारोबार की नई राह खुली

30 पर्यटन हितधारकों और 148 टूर ऑपरेटरों ने लिया हिस्सा, चंपारण को धार्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बनाकर गुजराती पर्यटकों को छत्तीसगढ़ से जोड़ने की तैयारी

रायपुर। छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक स्थलों, ऐतिहासिक धरोहरों और समृद्ध लोकसंस्कृति को देशभर में पहचान दिलाने के लिए छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड ने गुजरात के अहमदाबाद में पर्यटन रोड शो आयोजित किया। फिक्की के सहयोग से होटल हयात रीजेंसी में हुए इस आयोजन में छत्तीसगढ़ के 30 पर्यटन हितधारकों और गुजरात के 148 टूर एवं ट्रैवल ऑपरेटरों ने भाग लिया। रोड शो में दोनों राज्यों के बीच पर्यटन कारोबार, निवेश और व्यावसायिक साझेदारी बढ़ाने पर चर्चा हुई।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड के अध्यक्ष नीलू शर्मा, पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन, टूरिज्म बोर्ड के प्रबंध संचालक सौमिल रंजन चौबे और गुजरात पर्यटन निगम की प्रतिनिधि अंकिता परमार विशेष रूप से मौजूद रहे।

चंपारण बनेगा गुजरात और छत्तीसगढ़ के बीच पर्यटन का सेतु
रोड शो में महाप्रभु वल्लभाचार्य की जन्मभूमि चंपारण को धार्मिक पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने और गुजरात के श्रद्धालुओं को प्रदेश के अन्य पर्यटन स्थलों से जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया।
छत्तीसगढ़ के चंपारण का गुजरात के श्रद्धालुओं से धार्मिक और सांस्कृतिक जुड़ाव है। यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं। इसी अवसर को व्यापक पर्यटन कारोबार में बदलने की योजना बनाई जा रही है।
टूरिज्म बोर्ड के प्रबंध संचालक सौमिल रंजन चौबे ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से गुजरात के पर्यटन व्यवसायियों को चंपारण के साथ सिरपुर, राजिम, बस्तर और चित्रकोट जलप्रपात जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों की जानकारी दी। उन्होंने श्रद्धालुओं के लिए ऐसे पर्यटन पैकेज तैयार करने की संभावनाएं बताईं, जिनमें धार्मिक स्थलों के साथ प्राकृतिक और ऐतिहासिक पर्यटन केंद्रों को भी शामिल किया जा सके।
148 ट्रैवल ऑपरेटरों के साथ व्यावसायिक बैठक
रोड शो के दौरान छत्तीसगढ़ और गुजरात के पर्यटन व्यवसायियों के बीच व्यावसायिक बैठकें आयोजित की गईं। इनमें संयुक्त पर्यटन पैकेज तैयार करने, नए यात्रा मार्ग विकसित करने, पर्यटकों की आवाजाही बढ़ाने और पर्यटन सेवाओं के विस्तार पर चर्चा हुई।
गुजरात के टूर ऑपरेटरों को छत्तीसगढ़ के धार्मिक, प्राकृतिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पर्यटन स्थलों की जानकारी दी गई। साथ ही गुजराती पर्यटकों की जरूरतों और रुचि के अनुरूप विशेष टूर पैकेज तैयार करने पर भी विचार किया गया।
पर्यटन क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा
कार्यक्रम में संभावित निवेशकों के साथ अलग से बैठक आयोजित की गई। इसमें छत्तीसगढ़ में पर्यटन अधोसंरचना के विकास, निजी क्षेत्र की भागीदारी और पर्यटन आधारित व्यवसायों में निवेश के अवसरों पर चर्चा हुई।
टूरिज्म बोर्ड ने निवेशकों को प्रदेश के प्राकृतिक और धार्मिक पर्यटन स्थलों के साथ होटल, परिवहन तथा अन्य पर्यटन सुविधाओं के विस्तार की संभावनाओं से अवगत कराया। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार और कारोबार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद जताई गई।

लोकसंस्कृति की प्रस्तुतियों ने मोहा मन
अहमदाबाद रोड शो में छत्तीसगढ़ की लोककला और सांस्कृतिक परंपराओं पर आधारित प्रस्तुतियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं। कलाकारों ने प्रदेश की समृद्ध लोकसंस्कृति की झलक प्रस्तुत कर गुजरात के अतिथियों और पर्यटन व्यवसायियों को छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान से परिचित कराया।
कार्यक्रम में मीडिया प्रतिनिधियों से भी संवाद किया गया। उन्हें प्रदेश के प्रमुख पर्यटन स्थलों, नई योजनाओं और गुजरात के पर्यटकों को छत्तीसगढ़ से जोड़ने की रणनीति की जानकारी दी गई।
अहमदाबाद में आयोजित इस रोड शो से दोनों राज्यों के पर्यटन कारोबारियों के बीच नए संपर्क स्थापित हुए हैं। चंपारण को आधार बनाकर सिरपुर, राजिम, बस्तर और चित्रकोट जैसे पर्यटन स्थलों तक गुजराती पर्यटकों की पहुंच बढ़ाने की पहल से प्रदेश के होटल व्यवसाय, परिवहन, हस्तशिल्प और स्थानीय रोजगार को प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।


