बदौरा जंगल से लकड़ी ले जाने के मामले में वन विभाग की कार्रवाई, ट्रैक्टर जब्त

रेंजर पल्लवी गैंगबेर ने तत्परता दिखाते हुए की कार्रवाई, लकड़ी परिवहन की अनुमति और दस्तावेजों की जांच पर नजर
पंडरिया/कवर्धा। कबीरधाम जिले के पंडरिया वन परिक्षेत्र अंतर्गत बदौरा जंगल से सूखी जलाऊ लकड़ी ट्रैक्टर में भरकर ले जाने के मामले में वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए संबंधित ट्रैक्टर को जब्त किया है। वन परिक्षेत्र अधिकारी पल्लवी गैंगबेर की तत्परता से हुई इस कार्रवाई के बाद अब लकड़ी के परिवहन और उससे संबंधित अनुमति व दस्तावेजों को लेकर जांच का विषय सामने आया है।
वन कर्मचारी बताकर लकड़ी ले जाने की बात आई सामने
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बाघमुड़ा निवासी लव सिंह, पिता रामखिलावन, ट्रैक्टर में सूखी जलाऊ लकड़ी भरकर ले जा रहे थे। बताया गया है कि इस दौरान उन्होंने स्वयं को वन परिक्षेत्र का कर्मचारी बताते हुए रेंजर पल्लवी गैंगबेर और सिपाही पुनाराम धुर्वे की अनुमति होने की बात कही। पूछताछ के दौरान लकड़ी को बाघमुड़ा डिपो ले जाने की जानकारी सामने आई। हालांकि, लकड़ी के परिवहन की अनुमति और उसके उपयोग को लेकर स्थिति स्पष्ट होना आवश्यक है।
https://youtube.com/shorts/L4swgQbNhB4?si=wpyoLAiQ9iyniW_P
सूचना मिलते ही ट्रैक्टर जब्त
मामले की जानकारी मिलने पर वन परिक्षेत्र अधिकारी पल्लवी गैंगबेर ने त्वरित कार्रवाई करते हुए संबंधित ट्रैक्टर को जब्त कर लिया। अब इस मामले में लकड़ी के स्रोत, परिवहन की अनुमति और संबंधित दस्तावेजों की जांच महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
वन संपदा की सुरक्षा और वन उपज के परिवहन से जुड़े नियमों का पालन सुनिश्चित करना वन विभाग की जिम्मेदारी है। ऐसे मामलों में नियमानुसार जांच कर वास्तविक स्थिति स्पष्ट करना आवश्यक होता है।
https://youtube.com/shorts/L4swgQbNhB4?si=fHQw1KI7jULRAeJs
जांच के बाद आगे की कार्रवाई
मामले में भारतीय वन अधिनियम, 1927 तथा छत्तीसगढ़ में लागू वन उपज परिवहन संबंधी नियमों के तहत आवश्यक कार्रवाई की जा सकती है। हालांकि, संबंधित व्यक्ति के पास लकड़ी परिवहन की वैध अनुमति थी या नहीं, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
फिलहाल ट्रैक्टर जब्त किए जाने की जानकारी सामने आई है। अब विभागीय जांच में लकड़ी के परिवहन से जुड़े तथ्यों और अनुमति की स्थिति स्पष्ट होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।


