सुशासन तिहार 2026: जिले में कवर्धा से जन समस्या निवारण शिविर का हुआ शुभारंभ

डबल इंजन सरकार से छत्तीसगढ़ में तेज़ी से बढ़ रहा विकास– सांसद संतोष पाण्डेय

शिविर में 85 आवेदन हुए प्राप्त, हितग्राहियों को मिला त्वरित लाभ

शिविर में हितग्रहियों को विभिन्न योजनाओं से किया गया लाभान्वित

कवर्धा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप प्रदेश में सुशासन तिहार के तहत जन शिकायतों के त्वरित निराकरण की दिशा में आज कवर्धा के वीर सावरकर भवन से जन समस्या निवारण शिविर का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में सांसद संतोष पाण्डेय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर कलेक्टर गोपाल वर्मा तथा नगर पालिका अध्यक्ष चन्द्र प्रकाश चंद्रवंशी भी उपस्थित रहे। अतिथियों ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल का अवलोकन कर योजनाओं की जानकारी ली।

शिविर के दौरान जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने हितग्राहियों से सीधा संवाद किया और उनके आवेदन प्राप्त कर कई मामलों का मौके पर ही निराकरण किया गया। साथ ही मुख्य अतिथि द्वारा हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं के तहत लाभान्वित किया गया। शिविर में ट्रायसाइकिल, राशनकार्ड सहित साक्षी राजपूत को सक्षम योजना के तहत आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में 80 हजार का चेक प्रदान किया गया। शिविर का मुख्य उद्देश्य शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं और सेवाओं को आम जनता तक पहुंचाना तथा उनकी समस्याओं का त्वरित और प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है। शिविर में 85 आवेदन प्राप्त हुए। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ श्री अभिषेक अग्रवाल, वार्डों के पार्षदगण सहित सभी विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
जन समस्या निवारण शिविर के दौरान सांसद संतोष पाण्डेय ने कहा कि छत्तीसगढ़ में डबल इंजन की सरकार बनने के बाद विकास कार्यों को नई गति मिली है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में महिलाओं, युवाओं और किसानों के लिए अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। सांसद श्री पाण्डेय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ में नक्सल मुक्ति का कार्य किया गया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सुशासन तभी संभव है, जब वनांचल और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले मूल निवासी मुख्यधारा से जुड़ें। इसी उद्देश्य से नक्सल मुक्ति और पुनर्वास अभियान चलाया गया, जिसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं और कई नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर मुख्यधारा में वापसी की है।
सांसद श्री पाण्डेय ने बताया कि अब इन वनांचल क्षेत्रों में पुल-पुलिया, सड़क, शिक्षा संस्थान, एजुकेशन हब, मेडिकल कॉलेज और सुपर स्पेशलिटी अस्पतालों की स्थापना जैसे महत्वपूर्ण कार्य प्रारंभ किए गए हैं। साथ ही तेंदूपत्ता की खरीदी 5500 रुपए प्रति मानक बोरी की दर से की जा रही है, जिससे वनवासियों और आदिवासियों को आर्थिक संबल मिल रहा है। सांसद ने कहा कि जब तक समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को बराबरी पर नहीं लाया जाएगा, तब तक सुशासन की कल्पना अधूरी रहेगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में आवास, भोजन, कपड़ा, बिजली, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी मूलभूत सुविधाएं आमजन तक पहुंचाई जा रही हैं। जल जीवन मिशन के तहत गांव-गांव में स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने का कार्य तेजी से जारी है।
सांसद श्री पाण्डेय ने महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि उज्ज्वला योजना के माध्यम से घर-घर गैस कनेक्शन दिए गए हैं। साथ ही स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के तहत डायलिसिस, स्वास्थ्य परीक्षण और अन्य सेवाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। सांसद श्री पाण्डेय ने आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि वे अपने नजदीकी शिविरों में पहुंचकर अपनी समस्याएं और आवश्यकताएं रखें तथा आवेदन दें। उन्होंने कहा कि शिविरों में स्वास्थ्य परीक्षण से लेकर विभिन्न विभागीय सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराई गई हैं। सभी को सरकार के साथ कदम से कदम मिलाकर योजनाओं का लाभ उठाना चाहिए, ताकि समग्र विकास की दिशा में आगे बढ़ा जा सके।
नगर पालिका अध्यक्ष चन्द्र प्रकाश चंद्रवंशी ने कहा कि सुशासन तिहार के माध्यम से प्रशासन सीधे जनता तक पहुंच रहा है। यह अभियान शासन और आम नागरिकों के बीच की दूरी को कम करने का सशक्त माध्यम बन रहा है। उन्होंने कहा कि शिविरों के जरिए जनता के छोटे-छोटे लेकिन महत्वपूर्ण कार्यों का मौके पर ही समाधान किया जा रहा है। शासन ने जनसेवा का जो संकल्प लिया है, उसे पूरी प्रतिबद्धता और कृतज्ञता के साथ निभाया जा रहा है, ताकि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके। नगर पालिका अध्यक्ष ने बताया कि गांव, शहर और वार्ड स्तर तक शासन की पहुंच सुनिश्चित की जा रही है। शिविरों में आवेदन लेने से लेकर उनके निराकरण तक की पूरी प्रक्रिया सरल और सुगम बनाई गई है। आधार कार्ड अपडेट, राशन कार्ड, विभिन्न प्रमाणपत्रों को बनाना जैसे कार्य तत्काल किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जिन आवेदनों का निराकरण मौके पर संभव नहीं है, उन्हें संबंधित उच्च कार्यालयों को भेजा जा रहा है, जहां उनका समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाएगा। श्री चंद्रवंशी ने कहा कि आम जनता की प्रत्येक समस्या का समाधान करना ही शासन का लक्ष्य है। सुशासन तिहार में प्राप्त सभी आवेदनों का गंभीरता से परीक्षण कर उनका शीघ्र और प्रभावी निराकरण किया जा रहा हैं।
जिले के इन स्थानों में किया जाएगा शिविर का आयोजन
सुशासन तिहार के लिए जारी शेड्यूल के अनुसार आगामी 04 मई को झलमला (बोड़ला), 05 मई को चारभांठा, 06 मई को अमनिया, 07 मई को बम्हनी, चिल्फी, 08 मई सामुदायिक भवन पंडरिया, 11 मई को उसरवाही, 12 मई को बिरनपुर, 13 मई को रणवीरपुर, 14 मई को घुटुरकुण्डी, 15 मई को तरेगांव जंगल, 18 मई को मक्के, 19 मई को सहसपुर लोहारा, 20 मई को खैरझिटी पुराना, 21 मई को इंदौरी, 22 मई को खडौदाकला, 25 मई को गांगपुर, 26 मई को सेन्हाभठा, पंडरिया, 28 मई को जेवडनखुर्द, 29 मई को मिनमिनिया मैदान, सर्व मांगलिक भवन वार्ड 07 बोड़ला, 01 जून को सिंघनपुरी जंगल, 02 जून को अंधियारखोर, 03 जून को खैरबनाकला, 04 जून को नगर पंचायत पाण्डातराई, 05 जून को सर्व मांगलिक भवन बोड़ला, 08 जून को दामापुर, 09 जून को गेगड़ा और 10 जून को सर्व मांगलिक भवन वार्ड 15 पिपरिया में शिविर का आयोजन किया जाएगा।


