G-QKE15KJ9P0 25777229988609873
ChhattisgarhKabirdham

कुंडा : मोदी सरकार के पास अब कोई विकल्प नहीं बचा है:- इंज़ी योगेश्वर चन्द्राकर

मोदी सरकार के पास अब कोई विकल्प नहीं बचा है:- इंज़ी योगेश्वर चन्द्राकर

टीकम AP न्यूज़ कुंडा : प्रदेश मे अलग पहचान और छवि वाला नेता इंजीनियर योगेश्वर चंद्राकर ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा की भाजपा पर 2026 भारत की कई आर्थिक, सामाजिक और राजनीतिक चुनौतियों का एक भी समाधान नहीं देता है।

“मिशन मोड” अब “चैलेंज रूट” बन गया है।
“रिफॉर्म एक्सप्रेस” शायद ही किसी “रिफॉर्म” जंक्शन पर रुकती है।
नतीजा: कोई पॉलिसी विजन नहीं, कोई राजनीतिक इच्छाशक्ति नहीं।
हमारे अन्नदाता किसान अभी भी सार्थक कल्याणकारी सहायता या आय सुरक्षा योजना का इंतजार कर रहे हैं।

असमानता ब्रिटिश राज के समय के स्तर से भी आगे निकल गई है, लेकिन बजट में इसका जिक्र तक नहीं है और न ही SC, ST, OBC, EWS और अल्पसंख्यक समुदायों को कोई सहायता दी गई है।
वित्त आयोग की सिफारिशों का और अध्ययन करना होगा, लेकिन ऐसा नहीं लगता कि वे गंभीर वित्तीय तनाव से जूझ रही राज्य सरकारों को कोई राहत देंगी। संघवाद इसका शिकार हो गया है।
क्या गायब है और कहाँ इसकी ज़रूरत है:

1️⃣ मैन्युफैक्चरिंग: कोई रिवाइवल रणनीति नहीं; 13% पर अटकी हुई है। “मेक इन इंडिया” कहाँ है?
2️⃣ नौकरियाँ: हमारे युवाओं के लिए रोज़गार या वर्कफोर्स में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए कोई गंभीर योजना नहीं। पिछली इंटर्नशिप और कौशल विकास योजनाओं का क्या नतीजा निकला?
3️⃣ निर्यात/व्यापार: निर्यात में गिरावट, टैरिफ जोखिम, व्यापार घाटा, घटते वैश्विक हिस्से पर कोई जवाब नहीं। गिरते रुपये के लिए कोई योजना है?
4️⃣ गरीब और मध्यम वर्ग: महंगाई से कोई राहत नहीं; बचत गिर रही है, कर्ज बढ़ रहा है, वेतन स्थिर है। उपभोक्ता मांग को फिर से शुरू करने का कोई आइडिया क्यों नहीं?
5️⃣ निजी निवेश: विश्वास का कोई संकेत नहीं – FDI और वेतन में ठहराव को नज़रअंदाज़ किया गया। सिर्फ मामूली बदलाव क्यों, कोई संरचनात्मक सुधार क्यों नहीं?
6️⃣ इंफ्रास्ट्रक्चर: वादे दोहराए गए, डिलीवरी गायब – शहर अभी भी रहने लायक नहीं हैं। हमारे पास “स्मार्ट सिटी” या रहने लायक शहर कब होंगे?
7⃣ सामाजिक सुरक्षा: सामाजिक सुरक्षा और कल्याण पर एक भी महत्वपूर्ण घोषणा नहीं हुई। MGNREGA की जगह लेने वाले नए कानून के लिए आवंटन पर एक शब्द भी नहीं है। क्यों?
यह बजट कोई समाधान नहीं देता, पॉलिसी की कमी को छिपाने के लिए नारे भी नहीं!

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

You cannot copy content of this page