अज्ञानता रूपी अंधकार को समाप्त करने वाला ही गुरु होता है -तिवारी
पंडरिया –शासकीय प्राथमिक शाला सांवतपुर में गुरु पूर्णिमा का आयोजन किया गया जिसमें सभी बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया सर्वप्रथम मां सरस्वती के तैल चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर अपने शिक्षकों को तिलक लगाकर पुष्पगुच्छ भेंट किया गया, तत्पश्चात सभी शिक्षकों ने गुरू की महिमा पर प्रकाश डाला और संस्था के शिक्षक विनोद तिवारी ने बच्चों को बताया कि हमारी पहली गुरु हमारी मां होती है हमें अपने माता-पिता और गुरूओं का सदैव सम्मान करना चाहिए उन्होंने जो रास्ते बताएं हैं उन पर चलकर ही हम अपने मंजिल को पा सकते हैं और समाज में अपना स्थान विशेष बना सकते हैं , शिक्षक श्री तिवारी ने कहा कि जो हमें अज्ञानता रूपी अंधकार से ज्ञान रुपी प्रकाश की ओर ले जाए वही गुरु होता है हमें अपने गुरुओं का सदैव सम्मान करना चाहिए ,इस अवसर पर संस्था के प्रधानपाठक श्री धनंजय चंद्राकर सहित शिक्षक श्री बी एल यादव, श्री डी के साहू, श्रीमती के एन तिग्गा मैडम सहित सभी शाला परिवार उपस्थित रहे।



