पंडरिया पुलिस के द्वारा पौराणिक काल के सबसे बड़ी सिविल इंजीनियर माने जाने वाले भगवान विश्वकर्मा जयंती की दी नगर वासियो को दिया बधाइयां

पंडरिया पुलिस के द्वारा पौराणिक काल के सबसे बड़ी सिविल इंजीनियर माने जाने वाले भगवान विश्वकर्मा जयंती की दी नगर वासियो को दिया बधाइयां

पंडरिया : आर. ईश्वर चंद्रवंशी ने कहा की पौराणिक काल के सबसे बड़ी सिविल इंजीनियर माने जाने वाले भगवान विश्वकर्मा की जयंती हर साल मनाई जाती है। मान्यताओं के अनुसार हर साल कन्या संक्रांति के दिन विश्वकर्मा जयंती मनाई जाती है और यह लगभग प्रत्येक वर्ष 17 सितंबर को ही होती है। इस साल भी 17 सितंबर को ही कन्या संक्रांति है। और इसी दिन विश्वकर्मा जयंती मना रहे है। भगवान विश्वकर्मा को दुनिया का सबसे पहला इंजीनियर और वास्तुकार माना जाता है। पंडरिया थाना प्रभारी मुकेश यादव ने कहा कि माना जाता है कि भगवान विश्वकर्मा ने ही इंद्रपुरी, द्वारिका, हस्तिनापुर, स्वर्गलोक, लंका और जगन्नाथपुरी का निर्माण करवाया था। उन्होंने ही भगवान शिव का त्रिशूल और विष्णु भगवान का सुदर्शन चक्र तैयार किया था। यही वजह है कि सभी इंजीनियर और तकनीकी क्षेत्र से जुडे़ लोग विश्वकर्मा जी को अपना भगवान मानते हैं और हर साल विश्वकर्मा जयंती पर उनकी पूजा करते हैं। विश्कर्मा जयंती की बधाई देने वाले में से मुख्य रूप से पंडरिया थाना प्रभारी मुकेश मुकेश यादव ,आर.239 ईश्वर चन्द्रवंशी, 112 चालक सुरेश चंद्राकर आदि लोगो ने दिया बधाइयाँ।