लोरमी- शाला प्रवेश उत्सव के पहले दिन खिले बच्चों के चेहरे, स्कूल खुलने पर जताई खुशी

लोरमी- शाला प्रवेश उत्सव के पहले दिन खिले बच्चों के चेहरे, स्कूल खुलने पर जताई खुशी

नए शिक्षा सत्र 2024-25 के पहले दिन बच्चों को भरपूर आनंद और उमंग के साथ सेमरसल में प्रवेश उत्सव मनाया गया। नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं का अतिथियों के द्वारा तिलक वंदन, मुँह मीठाकर, गणवेश,पाठ्य पुस्तक देकर व न्योता भोज में स्वादिष्ट भोजन के साथ पहला दिवस का आगाज हुआ।
बच्चों के शत प्रतिशत प्रवेश का लक्ष्य लेकर शिक्षकों ने कार्यक्रम का आयोजन किया। प्राथमिक शाला से प्राप्त सूची अनुसार 41 बच्चों को प्रवेश दिलाया गया। अपने उद्बोधन में ग्राम के होनहार युवा विजय निषाद ने कहा कि शिक्षा बिना किसी भेदभाव के हर व्यक्ति को जीवन में आगे बढ़ने के अवसर प्रदान करती है जो आज आप सबके सामने है इस अवसर को कभी गंवाना नहीं। आज से आप सभी अपना एक लक्ष्य तय करके गुरुजनों के सानिध्य में अपनी योग्यता बढ़ाएं और अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़े। बच्चों को इस प्रकार स्कूल आते हुए देखकर मन को बड़ा प्रसन्नता मिलता है साथ ही सालभर यह सभी बच्चे स्कूल आए उनके माता-पिता इनका विद्या ज्ञान में सहयोग करें साथ ही साथ समाज के अभिन्न कड़ी के रूप में इनका संरक्षण पोषण और उनके उज्जवल भविष्य के लिए कार्य करें। निश्चित रूप से आने वाले समय में हमारा सेमरसल ग्राम सबसे उन्नत सबसे शिक्षित और जिले के आदर्श ग्राम के रूप में विकसित होगा। मैं चाहता हूं कि यह सभी बच्चे बड़े होकर के गांव का नाम स्कूल का नाम अपने माता-पिता का नाम रोशन करें और शाला परिवार को शिक्षा सत्र की शुभकामनाएं प्रेषित करते हैं। इसी कड़ी में संतोष साहू फौजी भाई ने छात्रों को नियमित रूप से विद्यालय आने, लक्ष्य बनाकर पढ़ने, अपने शिक्षक, माता-पिता के प्रति आदरभाव रखने की बात कही और वर्ष भर के लिए उनकी सारी गतिविधियों में नजर रखने के लिए शिक्षकों को आग्रह भी किया पालकों को भी प्रेरित किया और उन्होंने कहा कि भारत की बगिया के नन्हे पुष्प आने वाले भारत के भाग्य विधाता बनेंगे देश के अन्य क्षेत्रों में उनकी बड़ी भूमिका होगी ऐसी शुभकामना उनके तरफ से प्रेषित की गई।
नशा मुक्ति रहे संस्कार युक्त रहे सेवा परायणता का स्वभाव बने और गांव की सेवा में सतत लग्न रहे स्वच्छता का व्रत अपनाएं यही मनोभावना प्रेषित करते हुए उन्होंने सभी शिक्षकों को उत्साह से कार्य करने की प्रेरणा दी और मार्गदर्शन प्रदान किया। संस्था के पूर्व प्रधानपाठक विश्वनाथ योगी ने कहा कि मेरा मन तो नहीं हो रहा है कि मैं स्कूल ना आऊं निश्चित रूप से इन बच्चों को देखकर मेरे अंदर भी ऊर्जा का संचार हुआ है साथ ही साथ सभी ग्रामवासी शिक्षकों और शाला परिवार का सहयोग करेंगे बच्चों को नियमित स्कूल भेजेंगे और एक अच्छा वातावरण बनाते हुए पूरे सत्र में अनेक नए काम प्रारंभ करेंगे यही शुभकामनाएं मेरी ओर से देता हूं। संस्था के नए प्रधानपाठक राजकुमार कश्यप ने सबको अपनी ओर से उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दी और आभार प्रदर्शन किया। इस अवसर पर शिक्षक राकेश पांडेय, उमाशंकर सिंह, पुष्पा चतुर्वेदी, मीना निषाद, सविता निषाद, गंगिया साहू छात्र जलाल, चैनू, शीतल, लीला, प्रीति, तेजेश्वर, प्रिया आदि समस्त छात्र-छात्र उपस्थित रहे।



