14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस एवं राष्ट्रीय पर्व घोषित किए जाने हेतु सौंपा ज्ञापन

14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस एवं राष्ट्रीय पर्व घोषित किए जाने हेतु राष्ट्रपति के नाम जिला कलेक्टर एवं पूर्व मुख्यमंत्री व भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष को श्री योग वेदांत सेवा समिति व युवा सेवा संघ कवर्धा ने सौंपा ज्ञापन

कवर्धा। 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस एवं राष्ट्रीय पर्व घोषित किए जाने हेतु राष्ट्रपति के नाम जिला कलेक्टर एवं पूर्व मुख्यमंत्री व भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष को सौंपा ज्ञापन ज्ञापन। सेवा समिति के सदस्यों ने बताया की माता पिता और गुरुजनों को भारतीय संस्कृति में श्रेष्ठ स्थान प्राप्त है। हमारी संस्कृति की सीख है मात्रृ देवो भव, पितृ देवो भव, आचार्य देवो भव, माता पिता एवं गुरु की सेवा करने वाला स्वयं चीर आदरणीय बन जाता है परंतु आज पाश्चात्य कल्चर के दुष्प्रभाव का शिकार होकर बच्चों का अपने माता पिता के प्रति आदर भाव व गौरव कम होता जा रहा है उनके कोमल चित्त पर सुसंस्कारों की खेती ना होकर कुसंस्कारों के कंटक वन खड़े हो रहे हैं।फलत: बच्चों को निराशा, भय, चिंता, तनाव, असंतोष, जैसे दुखद परिणामों का शिकार होना पड़ रहा है।
बच्चे-बच्चियों व युवक-युवतियों के हृदय में माता-पिता व गुरुजनों के प्रति आदर सम्मान बढ़ता रहे, वे दुश्चरित्रता, दुष्टप्रवृत्तियों से बच के संयमी, सदाचारी, ओज-तेज संपन्न तथा उत्तम चरित्र के धनी बने तथा भारतीय संस्कृति के उच्च आदर्शो को अपनाकर अपना जीवन उन्नत करें -इस उद्देश्य से पूज्य संत श्री आशारामजी बापू की पावन प्रेरणा से पिछले 16 वर्षों से वैश्विक स्तर पर 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाया जा रहा है।
समिति की सदस्यों ने आगे कहा कि पूज्य बापू जी की प्रेरणा से पूरे विश्व में मातृ पितृ पूजन कार्यक्रमों के आयोजन का अभियान चलाया जा रहा है। पिछले 16 वर्षों से चल रहा यह अभियान देश के करोड़ों बच्चों व युवाओं का ओज तेज व आत्मबल बढ़ाने एवं उनकी चहुमुखी उन्नति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है| मातृ-पितृ पूजन दिवस कार्यक्रमों की सभी क्षेत्रों में विशेषकर विद्यालयों-महाविद्यालयों में बहुत अच्छी प्रतिक्रिया मिल रही है। शैक्षणिक संस्थानों के अलावा सोसाइटीयो काॅलोनियों में भी यह कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
देश के राष्ट्रपति केंद्रीय व राज्य स्तरीय मंत्रियों कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों, माननीय राज्यपाल ने अपने शुभ संदेशों में इस अभियान की भूरी भूरी प्रशंसा की है।छत्तीसगढ़ सरकार ने वर्ष 2012 से राज्य के सभी विद्यालयों महाविद्यालयों में प्रतिवर्ष 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाने का निर्देश जारी किया और भी राज्यों द्वारा तथा कई स्थानों पर जिला स्तर पर इसे मनाने संबंधी शासकीय आदेश जारी किए जाते रहे हैं।
शैक्षणिक संस्थानों विद्यालयों महाविद्यालयों में 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाने का आदेश जारी करने का एवं मात्रृ-पितृ पूजन दिवस को राष्ट्रीय पर्व के रूप में घोषित करने के लिए श्री योग वेदांत सेवा समिति एवं युवा सेवा संघ कवर्धा जिला कबीरधाम(छ.ग.)के सदस्यो के द्वारा आज बच्चों व युवाओं को उन्नत करने हेतु महामहिम राष्ट्रपति के नाम कलेक्टर एवं पूर्व मुख्यमंत्री व भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ रमन सिंह को ज्ञापन सौंपा गया।

इस अवसर पर युवा सेवा संघ के मीडिया प्रभारी गुलशन यादव व अन्य सदस्यों ने सरकार से मांग किया है कि, शैक्षणिक संस्थानों, विद्यालयों-महाविद्यालयों में 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाने का आदेश जारी किया जावे तथा मातृ पितृ पूजन दिवस को राष्ट्रीय पर्व के रूप में घोषित किया जाए एवं समाज में उच्च आदर्शों की स्थापना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले इस कार्यक्रम के आयोजन में सरकार योगदान अवश्य देवे। सरकार का यह निर्णय चरित्र रक्षा एवं देश की उन्नति में पूर्ण भूमिका अदा करेगा।इस देश की गौरव गाथा में स्वर्ण अक्षरों में अंकित होगा।
श्री योग वेदान्त सेवा समिति व युवा सेवा संघ कवर्धा के सदस्यों ने आगे कहा कि,ऐसे संयम प्रकल्प के प्रणेता मार्गदर्शक पूज्य संत श्री आसाराम जी बापू को झूठे आरोप के तहत पिछले करीब 9 वर्षो से जेल में रखा गया हैl 87 वर्षीय पूज्य संत श्री आसाराम जी बापू का स्वास्थ्य दिन-प्रतिदिन गिरता जा रहा है अतः हम आपसे यह भी मांग करते हैं कि निर्दोष पूज्य बापूजी को शीघ्र रिहा किया जाए।
इस अवसर पर श्री योग वेदांत सेवा समिति के अध्यक्ष भागवत साहू, सह कोषाध्यक्ष गणेश साहू एवं युवा सेवा संघ कवर्धा के सदस्य तोकेश्वर साहू, कोमल कुमार निर्मलकर, अमेरिका साहू, कौशल साहू, उदय राजपूत, नरेश साहू, झलक साहू,आदि उपस्थित रहे।